
देहरादून। भाजपा विधायक विनोद चमोली ने पूर्व सीएम हरदा और कांग्रेसी क्षत्रपों के लगातारप्रदर्शन को उनकी पार्टी में अंदरूनी संघर्ष का परिणाम बताया है। वहीं काशीपुर प्रकरण में स्पष्ट किया है कि एसआईटी गठित और लापरवाही बरतने वालों पर कार्रवाई की गई है और आगे जो भी दोषी सामने आएगा कठोरतम कार्रवाई की जाएगी। पार्टी मुख्यालय में मीडिया के सवालों के जवाब देते हुए उन्होंने पूर्व सीएम हरीश रावत द्वारा देर रात किए धरना प्रदर्शन को उनकी सुर्खियां बटोरने की कोशिश बताया। क्योंकि जनता द्वारा बार-बार नकारे जाने के बाद वे अपनी ही पार्टी में हाशिए पर छोड़ दिए गए हैं। यही वजह है कि वह सोशल मीडिया के माध्यम से और हर छोटी बड़ी घटना में अपनी भूमिका तलाशने की कोशिश में लगे रहते हैं। चाहे वह उनके पद, गरिमा और उम्र के लिए ही चुनौती ही क्यों न बन जाए। उन्होंने कहा कि यह चुनावी वर्ष है तो हरदा और कांग्रेस पार्टी का इस तरह का राजनैतिक पराक्रम दिख रहा है।
उन्होंने थाने मे धरना प्रदर्शन को लेकर कांग्रेसी बयानबाजियां पर कटाक्ष करते हुए कहा कि दरअसल अंकिता प्रकरण में सीबीआई जांच की घोषणा के बाद कांग्रेस हताश हो गई है। उनके नेताओं को लगता है कि एक बड़ा मुद्दा हाथ से निकल गया, तभी अनावश्यक विवाद खड़ा करने की कोशिश कर रहे हैं। जबकि पुलिस स्पष्ट कर चुकी थी कि कैबिनेट मंत्री के पति से जुड़ा पूरा मुद्दा अल्मोड़ा से संबंधित है और वहां के स्तर पर जो भी उचित कानूनी कार्रवाई होगी, अवश्य की जाएगी। किसी के राजनीतिक दबाव में कार्रवाई नहीं की जाएगी और सब कानून सम्मत होग।
चमोली ने काशीपुर में किसान द्वारा आत्महत्या की घटना को बेहद दुखद और गंभीर बताया। उन्होंने कहा कि इस संबंध में मुख्यमंत्री धामी के निर्देश पर तत्काल संवेदनशील और सख्त कानूनी कार्रवाई की जा रही है। एसआईटी गठित कर दी गई है और प्राथमिक रूप से आरोपी पाए गए पुलिस कर्मियों को निलंबित किया गया है। इसमें आगे जांच में जिन दोषी लोगों के नाम सामने आएंगे उन पर कठोरतम कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि अब तक जो भी प्रकरण कानून व्यवस्था को लेकर आए हैं, उसमें भाजपा सरकार द्वारा कठोर निष्पक्ष और त्वरित कार्रवाई की गई है। इस दुखद प्रकरण में भी हमारी सरकार अपराध को लेकर जीरो टॉलरेंस की नीति पर आगे बढ़ते हुए, न्याय सुनिश्चित करवाएगी।



